
ब्यूरो चीफ रविसिंह किरार/ परिष्कार पत्रिका जयपुर। राजस्थान ग्रामीण आजीविका विकास परिषद (राजीविका) द्वारा इंदिरा गांधी पंचायती राज संस्थान, जवाहर लाल नेहरू मार्ग, जयपुर में सुमंगल–दीपावली मेले का आयोजन किया जा रहा है। यह मेला ग्रामीण महिला उद्यमिता को शहरी बाजारों से जोड़ने तथा पारंपरिक शिल्पकला को प्रोत्साहित करने का एक सशक्त मंच बन गया है।
मेले में विशेष रूप से आकर्षक त्योहारी उपहार हैम्पर्स प्रदर्शित किए जा रहे हैं, जिन्हें राजीविका के स्वयं सहायता समूहों की महिला सदस्यों द्वारा तैयार किया गया है। ये हैम्पर्स पारंपरिक कला, शिल्प और आधुनिक साज-सज्जा का सुंदर संगम प्रस्तुत करते हैं। इनका डिज़ाइन एवं प्रस्तुति इन्हें कॉर्पोरेट गिफ्टिंग, त्योहारी उपहारों और अन्य विविध उपहार आवश्यकताओं के लिए एक उपयुक्त एवं प्रभावशाली विकल्प बनाती है।
650 रूपये से 3000 रूपये तक की रेन्ज में उपलब्ध ये हैम्पर्स न केवल किफायती और आकर्षक हैं बल्कि ग्रामीण महिला शिल्पकारों की सृजनात्मकता एवं आत्मनिर्भरता को भी व्यापक मंच प्रदान करते हैं। इन हैम्पर्स के माध्यम से खरीदार उच्च गुणवत्ता वाले, पर्यावरण के अनुकूल उत्पादों को अपनाते हुए ग्रामीण आजीविका को भी सशक्त बना सकते हैं।
मेले में बियानी गर्ल्स कॉलेज और आईआईएस यूनिवर्सिटी, जयपुर के विद्यार्थियों ने भी भ्रमण किया। विद्यार्थियों ने राजीविका के स्वयं सहायता समूह की महिलाओं द्वारा बनाए गए उत्पादों की सराहना की और मेले में प्रदर्शित पारंपरिक कला एवं शिल्प का आनंद लिया।
सुमंगल दीपावली मेला 12 अक्टूबर तक प्रतिदिन प्रातः 10 बजे से रात्रि 9 बजे तक इंदिरा गांधी पंचायती राज संस्थान, जयपुर में आयोजित किया जा रहा है जिसमें राजस्थान के विभिन्न जिलों से आए पारंपरिक उत्पाद, परिधान एवं हस्तशिल्प विशेष आकर्षण का केंद्र बने हुए हैं।