
शैक्षिक परिदृश्य में मौलिक बदलावों हेतु शिक्षा मंत्री की अनूठी पहल — शिक्षा विभाग के अधिकारियों एवं प्रधानाचार्यों से सीधा संवाद
ब्यूरो चीफ रविसिंह किरार/ परिष्कार पत्रिका जयपुर। शिक्षा एवं पंचायतीराज मंत्री मदन दिलावर बुधवार को उदयपुर दौरे पर रहे। इस अवसर पर उन्होंने आरएनटी मेडिकल कॉलेज परिसर सभागार में आयोजित उदयपुर एवं सलूम्बर जिले के शिक्षा अधिकारियों व प्रधानाचार्यों के संवाद कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की। दिलावर ने कहा कि प्रदेश में शैक्षिक परिदृश्य में मौलिक बदलाव लाने हेतु यह एक अनूठी पहल है। उन्होंने उपस्थित शिक्षकों का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि मैं आप सभी में भारतीय परंपरा के महान शिक्षकों की प्रतिमूर्ति देखता हूँ। इस देश में गुरुओं का मान सर्वोपरी माना गया है, गुरुजन भी उसी के अनुरूप आचरण करें।
वायु सेना दिवस पर दी बधाई — कार्यक्रम के दौरान वायु सेना दिवस की शुभकामनाएँ देते हुए दिलावर ने कहा कि ऑपरेशन सिंदूर के माध्यम से भारतीय सेना ने अपने शौर्य और पराक्रम का परिचय दुनिया को दिया है। उन्होंने कहा कि शिक्षक में अच्छे नागरिक तैयार करने की भरपूर क्षमता होती है। अब हमें पूरी निष्ठा से देश में श्रेष्ठ नागरिक बनाने की दिशा में जुट जाना होगा।
शिक्षकों से लिए सुझाव — दिलावर ने सीधे संवाद के दौरान शिक्षकों से अनेक महत्वपूर्ण विषयों पर सुझाव लिए, जिनमें आर्थिक दृष्टि से कमजोर वर्ग के बच्चों को पुनः मुख्यधारा की शिक्षा से जोड़ना,विद्यालयों में प्रार्थना समय को रोचक बनाना, विद्यार्थियों में सीखने की प्रवृत्ति को निरंतर बनाए रखना,एसडीएमसी को मजबूती देना, बालिका शिक्षा को सशक्त करना शामिल रहे। उन्होंने कहा कि शिक्षकों-अभिभावकों को विद्यालय समय पश्चात भी संवाद बनाए रखना चाहिए। शिक्षकों द्वारा जितना समय गुणवत्तापूर्ण शिक्षण कार्यों में दिया जाएगा, उतना ही देश तेजी से प्रगति करेगा।
शिक्षक हितों पर सरकार संवेदनशील — मंत्री दिलावर ने कहा कि सरकार का प्रयास है कि अगले दो वर्षों में शिक्षा विभाग में कोई पद रिक्त न रहे। नवीन विद्यालयों के लिए नए पद सृजित किए जा रहे हैं। अब तक 50 हजार से अधिक पदोन्नतियाँ की जा चुकी हैं और 25 हजार और की जाएँगी। स्टाफिंग पैटर्न भी रिकॉर्ड में दर्ज कर लिया गया है। कार्यक्रम में मंत्री दिलावर के हाथों शिक्षा विभाग, वंडर सीमेंट एवं एसबीआई के साझे में बीमा एमओयू के तहत करंट लगने से देवाराम पुत्र गौरीशंकर के पिता की दुर्घटना में हताहत होने पर एमओयू के तहत पहला बीमा क्लेम राशि 1 लाख रुपये का चेक भी सौंपा गया। संवाद कार्यक्रम में पूर्व कुलपति एवं शिक्षाविद् प्रो. कैलाश सोढानी ने कहा कि शिक्षकों से संवाद देश की प्रगति का आधार है। आज राष्ट्र का हर विकास शिक्षक वर्ग के परिश्रम का परिणाम है।