दीपावली के मद्देनजर ‘शुद्ध आहार-मिलावट पर वार’ अभियान में तेजी लाएं-प्रमुख शासन सचिव, चिकित्सा एवं स्वास्थ्य—आमजन के स्वास्थ्य से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ करें सख्त कार्रवाई

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खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता जांच में पारदर्शिता और निष्पक्षता सुनिश्चित करने पर जोर

ब्यूरो चीफ रवि सिंह किरार, परिष्कार पत्रिका जयपुर।  प्रमुख शासन सचिव, चिकित्सा एवं स्वास्थ्य गायत्री राठौड़ ने दीपावली के त्योहारी सीजन को देखते हुए प्रदेश में ‘शुद्ध आहार-मिलावट पर वार’ अभियान में तेजी लाने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि आमजन के स्वास्थ्य की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है। खाद्य पदार्थों में मिलावट कर लोगों के स्वास्थ्य से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। कार्रवाई पूरी पारदर्शिता और निष्पक्षता के साथ हो तथा किसी भी प्रकार के दबाव या दुर्भावना में कार्रवाई नहीं की जाए।

राठौड़ ने मंगलवार को स्वास्थ्य भवन से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से आयोजित समीक्षा बैठक में प्रदेश की चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सेवाओं और विभिन्न स्वास्थ्य कार्यक्रमों की प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता जांच के दौरान विनिर्माण इकाइयों पर विशेष ध्यान देने के साथ उन बाजारों और व्यापारिक प्रतिष्ठानों पर भी फोकस करने के निर्देश दिए, जहां से आमजन खाद्य सामग्री खरीदते हैं।

राठौड़ ने सिलीकोसिस रोगियों से संबंधित लंबित प्रकरणों का 31 अक्टूबर तक निस्तारण करने तथा जानबूझकर लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए।

उन्होंने टीबी मुक्त भारत अभियान के तहत नॉट मशीनों का निर्धारित उपयोग सुनिश्चित करने, चयनित टीबी रोगियों को नियमित पोषण किट उपलब्ध करवाने और निक्षय पोर्टल पर जानकारी समय पर अपलोड करने के निर्देश दिए। साथ ही, स्क्रब टाइफस सहित मौसमी बीमारियों की रोकथाम और निगरानी प्रभावी बनाने को कहा। विदेश से आने वाले इबोला के संभावित यात्रियों के लिए निर्धारित प्रोटोकॉल के अनुसार आवश्यक निगरानी एवं आइसोलेशन की व्यवस्था करने तथा कम से कम 21 दिनों तक निगरानी रखने के निर्देश भी दिए।

प्रमुख शासन सचिव ने वायरल हेपेटाइटिस नियंत्रण कार्यक्रम और एचपीवी टीकाकरण अभियान की जिलेवार प्रगति की समीक्षा करते हुए कम उपलब्धि वाले जिलों को निर्धारित लक्ष्य समय पर पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने अस्पतालों में स्वच्छ पेयजल की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए समय-समय पर पानी के सैंपल लेकर उनकी जांच करवाने को कहा, ताकि मरीजों, उनके परिजनों और अस्पताल स्टाफ को सुरक्षित पेयजल मिल सके।

बैठक में मिशन निदेशक, राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन डॉ. जोगाराम ने एम्बुलेंस वाहनों से संबंधित,आयुक्त खाद्य एवं औषधि नियंत्रण अविचल चतुर्वेदी ने खाद्य सुरक्षा अभियान और दवाइयों की सैंपलिंग विषयों पर चर्चा की। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से आयोजित बैठक में निदेशक जनस्वास्थ्य डॉ. रवि प्रकाश शर्मा ने एजेंडवार चर्चा की ।बैठक में निदेशक एड्स डॉ. सुशील परमार, अतिरिक्त निदेशक डॉ. नरोत्तम शर्मा सहित विभागीय अधिकारी और जिलों के चिकित्सा अधिकारी शामिल हुए।

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