

शिक्षा हमारे भीतर समझ पैदा करती है – टीकम बोहरा “अनजाना”
ब्यूरो चीफ रविसिंह किरार/ परिष्कार जयपुर। ” शिक्षा किताबी ज्ञान नहीं है । यह हमारे भीतर समझ पैदा करती है और अच्छी समझ से ही हम अच्छे नागरिक बनते है । शिक्षा से ही अच्छे-बुरे व ग़लत-सही की पहचान कर पाते है ।” उक्त विचार समर्पण संस्था के 12 वें शिक्षा योगदान महोत्सव में मुख्य अतिथि आईएएस श्री टीकम बोहरा “अनजाना” ने व्यक्त किये ।
उन्होंने कहा कि “ जीवन में मंजिल का चुनाव कर उसे हासिल करने के लिए मेहनत जरूरी है । और मेहनत के लिए समय व दिशा जरूरी है ।वर्तमान समय में ध्यान भटकाने के लिए सोशल मीडिया एक बीमारी है ।समय का ठीक प्रबंधन करें । लक्ष्य चुनें और उसे प्राप्त करने के लिए निरंतर प्रयास करें ।
इससे पूर्व शिक्षा योगदान महोत्सव की शुरुआत अतिथियों द्वारा दीप प्रज्वलन के साथ की गई । इसके साथ समर्पण प्रार्थना का उच्चारण कोषाध्यक्ष राम अवतार नागरवाल व सुवज्ञा माल्या ने करवाया और एक डॉक्यूमेंट्री फ़िल्म द्वारा संस्था गतिविधियों की जानकारी दी गई ।
महोत्सव में संस्था द्वारा चयनित कुल 109 जरूरतमंद निर्धन विद्यार्थियों को फ़ीस व शिक्षण सामग्री की राशि सीधे उनके खातों में ट्रांसफर की गई । तथा सभी विद्यार्थियों को “समर्पण आदर्श विद्यार्थी” का कार्ड दिया गया। इस अवसर पर जरूरतमंद विद्यार्थियों की शिक्षा में सहयोग करने वाले संस्था द्वारा नियुक्त 71 शैक्षिक दूतों को भी सम्मान पत्र भेंट कर सम्मानित किया गया ।
संस्था के संस्थापक अध्यक्ष आर्किटेक्ट डॉ. दौलत राम माल्या ने अपने स्वागत भाषण में सभी का स्वागत अभिनंदन करते हुए संस्था गतिविधियों की विस्तृत जानकारी दी । डॉ. माल्या ने समर्पण आदर्श विद्यार्थियों को प्रेरणा देते हुए कहा कि “ जिस कार्य को करने से आपको थकान नहीं होती है समझो वही आपकी इकीगाई या लक्ष्य है । अपने लक्ष्य को पहचान कर फिर उसे बेबी स्टेपस की तरह हासिल करें ।
इस अवसर पर अतिविशिष्ट अतिथि लक्ष्मण मदनानी (पूर्व सदस्य, ज्युडिशियल रेल्वे क्लेम ट्रिब्यूनल), विशेष आमन्त्रित अतिथि अनिल कुमार जैन ( पूर्व प्रधान आयकर आयुक्त ), हीरेन्द्र शर्मा ( निदेशक, राज्य कृषि प्रबन्ध संस्थान, दुर्गापुरा , जयपुर ) , एज्युकेशनल ब्रांड एम्बेसेडर विशिष्ट अतिथि डॉ. डी. आर. रेवाला ( सेवानिवृत्त आईआरएस) , नरेन्द्र सिंह रावत ( निदेशक, रावत एज्युकेशनल ग्रुप ) ने भी अपने विचार व्यक्त किये ।
महोत्सव में नागौर की नाजिया चुई ने राजस्थानी लोक नृत्य प्रस्तुत किया । उत्तर प्रदेश से आई आरती वर्मा ने मिमिक्री व कविता प्रस्तुत की। गीतकार रमेश कुमार बैरवा ने शिक्षा के लिए प्रेरक गीत प्रस्तुत किया ।
महोत्सव में विशिष्ट अतिथि लक्ष्मण सिंह मीना ( सेवानिवृत्त, आईआरएएस ), डॉ. सुनिता दामिनी गुप्ता ( व्यवसायी, समाज सेविका व लेखिका ), श्याम सुन्दर विजय ( व्यवसायी व अध्यक्ष,परमार्थ एवं आध्यात्मिक समिति ) उपस्थित रहे ।
एज्युकेशनल ब्रांड एम्बेसेडर विशिष्ट अतिथि डॉ. घनश्याम बैरवा (सीनियर प्रोफेसर ,संस्कृत, एस आर पी राजकीय महाविद्यालय, बॉंदीकुई ) लखन लाल मीना ( Senior Section Engineer ,Telecom Railway , NWR HQ JAIPUR ) , राजेन्द्र कुमार बैरवा ( सीनियर मैनेजर, बैंक आफ बड़ौदा ), आर्किटेक्ट अंकित शर्मा ( अंकित शर्मा एसोसिएट), मोनिका मीना ( बिज़नेस डेवलपमेंट मैनेजर , सनहर्ट टाइल्स ), मदन लाल वर्मा ( भवन निर्माता, कृष्णा कन्स्ट्रक्शन कम्पनी व विशिष्ट सलाहकार, समर्पण संस्था ) उपस्थित रहे ।
महोत्सव में संस्था सदस्यों के अलावा अनेक गणमान्य नागरिकों ने भाग लिया ।
मंच संचालन आरजे राखी शुक्ला (पॉपुलर एंकर , एक्टर ,समाजसेवी ,शिक्षाविद् व संस्थापक रक्षाजीवन सोसायटी ) ने किया ।