

परिष्कार पत्रिका जयपुर। राज्यपाल हरिभाऊ बागड़े ने कहा कि भारत का प्राचीन ज्ञान परंपरा, इतिहास और संस्कृति समृद्ध रही है और भारत के निवासी ज्ञान की खोज में सदैव तत्पर रहे हैं, इसे हमें निरंतर आगे बढ़ाना है। राज्यपाल शुक्रवार को यहां जेएलएन मार्ग पर स्थित एक होटल में दि जयपुर डायलॉग के Reclaiming India विषयक 9वें सम्मेलन में उपस्थित लोगों को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा की हमारे ऋषि मुनियों की सभ्यता और संस्कृति पूरी दुनिया में आकर्षण का केंद्र रही है। हमें सदैव वसुधेव कुटुंबकम का पाठ पढ़ाया गया। उन्होंने कहा हमारे महापुरुषों मैं अदम्य साहस व जिजीविषा का परिचय दिया और संस्कृति और बौद्धिक धरोहर का दूसरों के लिए काम किया है। उन्होंने कहा सनातन धर्म वैदिक धर्म है तथा विज्ञान से जुड़ा है, सनातन ब्रह्म को जानता है और शाश्वत है। हमारे महापुरूषों ने कुरीतियों को दूर कर जीने की राह को आसान किया है। भारत एक जीवंत संस्कृति है जिसने जड़ संस्कारों को छोड़कर जीवन के आदर्शों को अपनाने की सीख दी है। अब समय आ गया है जब हमें भारत को विश्व गुरु बनने की और बढ़ाना है तथा टूटे अतीत को सुधार कर भारत के गौरव को पुनः प्राप्त करना है। इससे पहले राज्यपाल ने दीप प्रज्वलित कर सम्मेलन का शुभारंभ किया। जयपुर डायलॉग के चेयरपर्सन संजय दीक्षित ने सम्मेलन के बारे में जानकारी दी और देश विदेश से तीन दिवसीय आयोजन में शामिल होने वाले साहित्यकार और बुद्धिजीवियों का परिचय दिया। विशिष्ट अतिथि वरिष्ठ साहित्यकार भाउ तोरसेकर ने समारोह में शामिल होने आए राष्ट्रवादियों से आज के इको सिस्टम से खुद को सशक्त बनाने की अपील की। जयपुर डायलॉग के अध्यक्ष सुनील कोठारी ने आभार जताया।
इस मौके पर संजय दीक्षित की दो पुस्तकों कृष्ण गोपेश्वर और सभी पंथ एक समान नहीं का अतिथियों ने विमोचन किया। भारत को चुनौती-हिंदू और सनातन पर हमला विषयक प्रथम सत्र में विभूति झा के संयोजकत्व में आनंद रंगनाथन, कपिल मिश्रा, बाबा रामदास, नासिर अहमद शेख ने सनातन धर्म, हिन्दुत्व और राजनीति पर तीखे सवाल किए और श्रोताओं के सवालों के सटीक जवाब दिए।
दोपहर बाद के सत्र इंडिया और इंडी गठबंधन का भविष्य विषय पर वक्ता भाऊ तोरसेकर, भाजपा नेता जय आहूजा, अभिषेक तिवारी, हर्ष कुमार और अनुपम मिश्र ने धारा 370, राम मंदिर, भाजपा की कम सीटें आने पर फेक नेरेटिव गढ़ने से लेकर हरियाणा के चुनावों को लेकर लोगों की बदली मानसिकता को लेकर खुलकर विचार विमर्श किया जिसे श्रोताओं ने खूब दाद दी। भाऊ तोरसेकर ने कहा कि लोकसभा चुनाव में न तो मोदी हारे और ना ही भाजपा। लोगों ने उदासी का एहसास किया और उन्हें पछतावा हुआ जिसका हरियाणा चुनाव में फेक नॉरेटिव गढ़ने वालों को जवाब मिल गया।
आंतरिक सुरक्षा विषयक तीसरे सत्र में एसपी विद्या अजय छुंगुरू, करनल आरएसएन सिंह, अभिजीत अययर मित्र ने देश में सुरक्षा की चुनौतियों को लेकर कई खुलासे किये।
रिक्लेमिंग सिविलाइजेशन टेंपल्स एंड हिस्ट्री विषयक चौथे सत्र में विष्णु शंकर जैन, डॉ अंकित शाह, अमि गणात्रा, भारत गुप्त और राजवेदम ने विचार रखे।
डीकॉलोनाइजिंग इंडिया माइंड सत्र में
सी के राजू ने शैक्षिक व्यवस्था पर प्रहार करते हुए कहा कि हम उनकी (पश्चिम) शिक्षा (मैकाले) की नकल कर रहे हैं, जबकि हम स्वयं सक्षम हैं। हमें अपनी ताकत पहचाननी होगी।
संक्रांत सानू ने कहा अनुभव से स्वयं को पहचानना जरुरी है। विश्व गुरु का रास्ता यहीं से निकलता है। हमें स्वयं की ताकत पहचान कर दुनिया का प्रतिनिधित्व करना होगा। हालात यह है कि हम डेढ़ सौ साल से समाज सुधार में लगे हैं जबकि हमारा समाज पश्चिम की आगे हैं। ऐसे में समाज सुधार के बजाय सरकार सुधार करना चाहिए।
अल्लाह के मोमिन, स्पेशल प्रीविलेज ऑफ इस्लाम सत्र में नाजिया ने कहा कि मुस्लिम लड़के पढ़ते नहीं है, इसलिए लड़कियों बेटियों को पढ़ने नहीं दिया जाता है। कई सौ साल पहले महिलाएं भी नमाज अदा करने के लिए मस्जिद में जाती थी, लेकिन वहां पुरुष का वजू टूट जाता है यह कहकर मुल्ला मौलवियो ने मस्जिद में महिलाओं के प्रवेश पर रोक लगाई। साहिल ने कहा अपनी अक्ल लगाएंगे तो इस्लाम छूट जाएगा। डॉ. कुलदीप दत्ता ने कहा ज्यादातर मुस्लिम उर्दू या अरबी नहीं जानते हैं। वे कुरान पढ़ भी नहीं सकते हैं। ऐसे में वे सिर्फ इमाम और मौलवी की बात को ही सही मान लेते हैं।
मोदी योगी एंड पॉलिटिक्स सत्र में बाबा रामदास ने मोदी की लीडरशिप से अधिक प्रभावी दूसरी पंक्ति की लीडरशिप को बताया। योगी के डायग्नोस (बुलडोजर) को सही बताते हुए उन्होंने कहा सभी समस्याओं का समाधान दूसरी पंक्ति (योगी) करेगी। उन्होंने कहा इस्लामिक आतंकवाद वैश्विक समस्या है। पूरी दुनिया इससे त्रस्त है। इसका उपचार पूरी दुनिया को मिलकर करना होगा। ओंकार चौधरी ने कहा भारत तीसरी लार्जेस्ट इकॉनमी की तरफ तेजी से बढ़ रहा है। हम गरीबी रेखा से ऊपर उठ जाएंगे। लोकसभा चुनाव में सोशल मीडिया ने भारत का नुकसान किया है। मोदी विरोधी सोशल मीडिया की रीच को अधिक दिखाया गया। हालांकि, इस गलती को हरियाणा ने सुधार दिया है। उन्होंने बांग्लादेश में तख्ता पलट पर कहा कि मोदी पूर्ण बहुमत में होते तो ऐसा नहीं होता।
काशी मथुरा हिंदू नैरेटिव सत्र में एडवोकेट विष्णु शंकर जैन ने कहा कि मंदिर तोड़ने से मूर्ति का अस्तित्व खत्म नहीं होता है। भगवान अप्रत्यक्ष रूप से विराजमान रहते हैं। सुप्रीम कोर्ट ने सिखों की पुस्तक को संपत्ति माना है। रामलला और भगवान कृष्ण को कोर्ट फाइल करने का अधिकारी माना है उन्होंने कहा कि मस्जिद शिफ्ट हो सकती है, मंदिर नहीं। नमाज कहीं भी पढ़ी जा सकती है। पूजा केवल मंदिर या जहां देवता स्थापित वही कर सकते हैं। अनुभव मिश्रा ने कहा कि रामायण महाभारत रियल टाइम पर रचा गया महाकाव्य है। मुगलों के आने से पहले सिर्फ सैनिक ही लड़ाई लड़ते थे। मुगलों के आने के बाद बच्चों, स्त्रियों, बूढों पर अत्याचार शुरू हो गए। ऐसे युद्ध को अधर्म माना गया।
वैदिक प्रीडिक्शन ऑफ इंडिया सत्र में कार्तिक गौर ने तनावपूर्ण विश्व में बदलती नीति का भारत पर भी प्रभाव होना स्वीकारते हुए कहा कि भारत के सामने चुनौतियों को राष्ट्रवादी चेतावनी दे रहे है। विरोधी ताकतें (गुर पतवनतसिंह) बाहर से आवाज करती है जिन्हें यहां के गद्दार (महुआ मोइत्रा) साथ देते हैं।
वैभव सिंह ने कहा दूसरे देशों के तनाव में भारत नेतृत्व करेगा, यह भारत की कुंडली में लिखा है। दुनिया की देशों में युद्ध के हालात में भी भारतीयों को निकाल कर लाए हैं। मंदी के दौर में भारत की इकॉनमी न सिर्फ स्थिर रही, बल्कि मजबूत बनी, इसका सबूत है।
जयपुर डायलॉग के स्पॉन्सर निस्वार्थ कदम, को स्पॉन्सर ब्ल्यू इंक, धर्मांश फाउंडेशन, जीएलए तथा पार्टनर ओएनजीसी, डाटा इंफोसिस, मनीष कलारिया, गरुड़, इंडस यूनिवर्सिटी हैं।